भारतीय हॉकी टीम की सबसे कम उम्र की महिला खिलाड़ी लालरेमसियामि एशियान गेम्स और यूथ ओलंपिक में सिल्वर पदक जीतने के बाद पहली बार अपने घर मिजोरम लौटीं, जहां उनके गृहनगर कोलासिब में लालरेमसियामि का बड़े जोश के साथ स्वागत किया गया और उन्हें मिजोरम का सबसे बड़ा पारंपरिक सम्मान दिया गया।

दैनिक भास्कर के अनुसार इस 18 वर्षीय खिलाड़ी को बांस की बनी पालकी पर बिठाकर पूरे शहर में जुलुस निकाला गया। लोग उनके सम्मान में गाते और उनके नाम का नारा लगाते चल रहे थे। राजधानी आइजॉल से 85 किमी दूर कोलासिब पुलिस ने भी उनका सम्मान किया। लालरेमसियामि को एशियन गेम्स के “राइजिंग स्टार” का भी अवार्ड दिया गया। 

लालरेमसियामि के पिता लालथनसंगा जोटे ने कहा, “यह मेरी उम्मीद से परे है। हजारों लोग सिर्फ मेरी बेटी के कारण एकजुट हुए हैं। मुझे नहीं पता था कि मेंरे शहर में इतनी एकता है। मेरी बेटी को इतना बड़ा सम्मान देने के लिए सभी का शुक्रिया।” 

Image may contain: 4 people, people standing and outdoor
Credit : Facebook

इससे पहले मिजोरम का सबसे बड़ा सम्मान 2014 में ग्रेस लालछनहीमी को मिला था जब वे राज्य की गायन प्रतियोगिता मिजो आइडल की विजेता बनी थीं। मिजोरम स्पोर्ट्स काउंसिल ने लालरेमासिर और युथ ओलंपिक के स्वर्ण पदक विजेता 15 साल के वेटलिफ्टर जेरेमी लालरिनुन्गा को सम्मानित किया।  जेरेमी युथ गेम्स स्वर्ण जीतने वाले भारत के पहले खिलाड़ी हैं। 

Share

वीडियो

Ad will display in 09 seconds