बर्फीली ठंड  में 2.8 मील की दूरी तय करने के बाद, एक तीसरी कक्षा के लड़के ने जनवरी 9 को 16 छात्रों की अपनी कक्षा में अपने सफेद तुषार से भरे सिर के साथ प्रवेश किया। उसकी शिक्षिका उसे देखकर मुस्कुराई और उसकी एक फोटो खींचकर ऑनलाइन पोस्ट की। चीन की चरम गरीबी पर एक विवादपूर्ण बहस की शुरुआत की उन्हें बिलकुल भी उम्मीद न थी। इसके बाद चीनी शासन के प्रचारकों की प्रतिक्रिया शुरू हुई, जिन्होंने अपनी बढ़िया कम्युनिस्ट वक्रपटुता से इस मुद्दे को चालाकी से नगण्य बना दिया, जिससे प्रभावी रूप से पूर्व की कथा दफन हो गयी।

8 वर्ष की उम्र के वांग फुमन (Wang Fuman) युन्नान (Yunnan) प्रांत की लुडियन (Ludian) काउंटी में अपनी दादी और बड़ी बहन के साथ एक साधारण मिट्टी के घर में रहता है। उसकी मां एक दिन “गुम” हो गईं और उसके पिता एक प्रवासी कर्मचारी हैं, जो घर पर नहीं रहते हैं। स्कूल जाने के लिए, युवा वांग एक घंटे से भी अधिक समय तक पैदल चलता है, जो सर्दियों में एक सुखद अनुभव नहीं होता है, खासकर जब आपने गर्म कपड़े नहीं पहने हों। मंगलवार की सुबह का तापमान लगभग 15 डिग्री फ़ारेनहाइट (लगभग -9 डिग्री सेल्सियस) था जब यह तस्वीर ली गई थी।

वांग के बर्फ से लदे बाल और भौहों की इस अत्यधिक संचारित छवि ने चीनी शासन को एक गंभीर चोट पहुंचाई, जिसके उच्च श्रेणी के अधिकारी छल, रिश्वत और भ्रष्टाचार का पर्याय बन गए हैं।

चीन की आधी आबादी गरीबी में जीती है, एक ऐसा तथ्य जो की चीनी शासन छिपा कर रखना चाहता है। उदाहरण के लिए, 1.5 मिलियन चीनी निवासियों को 2006 बीजिंग ओलंपिक से पहले विस्थापित किया गया था और उनके घरों को ध्वस्त कर दिया गया था—क्योंकि चीन विदेशी आगंतुकों के आगे झूठी छवि दर्शाना चाहता है, और पश्चिम को अपने चमकदार अपार्टमेंट इमारतों को दिखाना चाहता है। तो, जब वांग का “बर्फ वाला लड़का” फोटो चीन और विदेश दोनों में सुपर वायरल हो गया, तो चीन के नेताओं ने पूरे जोश के साथ इसपर प्रतिक्रिया की।

अब वांग ग्रामीण गरीबी का प्रतीक नहीं है, क्योंकि अब वह चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के लिए एक फोटो सेशन के अवसर के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। इस 8 वर्षीय को बीजिंग में आमंत्रित किया गया था और उसका एक देशभक्त नायक के रूप में स्वागत किया गया था। कम्युनिस्ट ध्वज को लहराते हुए और कम्युनिस्ट पार्टी के प्रति निष्ठा की शपथ लेते हुए उसकी तस्वीरें ली गई थी। पुलिस के पहनावे में उसकी तस्वीरें ली गयी थीं और उसने बड़े होकर पुलिस अधिकारी बनने का इरादा व्यक्त किया।

इसकी अधिक संभावना है कि उसे कोई अंदाजा नहीं है कि चीनी पुलिस को जियांग जेमिन की नरसंहार की नीति के अनुसार फालुन गोंग  के अभ्यासी—जो शांतिपूर्ण ध्यानदाताओं का एक समूह है— को “खत्म करने” का आदेश दिया गया है, उन्हें जेल में डालकर और उन्हें अंगों के स्रोत के रूप में उपयोग करते हुए, चीन के लाभप्रद प्रत्यारोपण व्यापार को ईंधन प्रदान करते हुए उनके अंगों को जबरन निकाला जाएगा।

इस लड़के के साथ एक सेलिब्रिटी की तरह व्यवहार करके, न केवल शासन को लोगों के बीच “लोगों के लिए संघर्ष” करने के रूप में अपनी प्रतिष्ठा को मजबूत करने का मौका मिलता है, उसी तरह जैसे कि बर्फ में लड़का स्कूल जाने के लिए सर्दियों की ठंड की स्थिति के खिलाफ संघर्ष करता है, लेकिन इस केंद्र बिंदु के परिवर्तन के साथ प्रभावी रूप से चीन की अपंग गरीबी पर बहस को कम कर दिया गया है और यह बहस कमजोर पड़ गया है।

Photo Credit: YouTube Screenshot | China Uncensored.

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